Question
धातु के पृष्ठ पर आपतित प्रकाश की तीव्रता बढ़ाने पर-

Answer

A

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+2.50 D और -3.75 D क्षमता वाले लेन्सों को मिलाकर एक संयुक्त लेन्स निर्मित किया गया है। इसकी फोकस दूरी का मान सेमी. में होगा-
प्रकाश विद्युत प्रभाव के प्रयोग में आवृत्ति ७ एवं निरोधी विभव V का ग्राफ सामने दिया गया है। धातु का कार्यफलन होगा-
Image
चार संधारित्र सभी $25 \mu F$ को चित्रानुसार जोड़ा गया। D.C. वोल्टमीटर का पाठ्यांक $220 V$ है तो संधारित्र की प्रत्येक प्लेट पर आवेश होगा :

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एक आवेषित खोखला गोला विद्युत क्षेत्र उत्पन्न नहीं करता
प्रतिरोध मापन के लिए उपयोग में आने वाला उपकरण है-
वे परमाणु जिनके परमाणु क्रमांक समान लाकन द्रव्यमान संख्या भिन्न होते हैं, कहलाते हैं-
यदि एक चालक का प्रतिरोध आधा व धारा का मान दुगुना कर दिया जाये तो उत्पन्न ऊष्मा-
विस्थापन धारा $(I_d)$ का सूत्र है $($माध्य. शिक्षा बोर्ड, $2024)$