कोई ज़बान, उर्दू, हिंदी या अंग्रेजी सीखने के लिए तुम्हें उसके अक्षर सीखने होते हैं। इसी तरह पहले तुम्हें प्रकृति के अक्षर पढ़ने पड़ेंगे, तभी तुम उसकी कहानी उसके पत्थरों और चट्टानों की किताब से पढ़ सकोगी। शायद अब भी तुम उसे थोड़ा-थोड़ा पढ़ना जानती हो। जब तुम कोई छोटा-सा गोल चमकीला रोड़ा देखती हो, तो क्या वह तुम्हें कुछ नहीं बतलाता? यह कैसे गोल, चिकना और चमकीला हो गया और उसके खुरदरे किनारे या कोने क्या हुए?
QUESTION:
Q.1. किसी भी भाषा को सीखने के लिए क्या सीखना पड़ता है?
(A) वाक्य (B) अक्षर (C) शब्द (D) व्याकरण
Q.2. प्रकृति के अक्षर हमें कहाँ से मिलते हैं?
(A) पुस्तकों से (B) पत्थरों और चट्टानों से (C) वृक्षों से (D) उपर्युक्त सभी