Question types

तोता और इंद्र (पध) question types

42 questions across 7 question groups — pick any mix to generate a Hindi paper with step-by-step answer keys.

42
Questions
7
Question groups
5
Question types
Sample Questions

तोता और इंद्र (पध) questions

One sample from each question group in this chapter. Select any group above to see the full set with answer keys.

यह सूखा पेड़ फिर से लहलहा उठे – यह वरदान किसने माँगा?
  • A
     शिकारी ने
  • B
     मनुष्यों ने
  • C
     देवों ने
  •  तोते ने 

Answer: D.

View full solution
हे देवपति ! यह पेड़ सारे वन की शोभा है। आप इस पेड़ को हरा-भरा कर दीजिए। $-$ यह वाक्य किसने कहा?
  • A
     मनुष्यों ने
  • B
     दानवों ने
  • C
     देवों ने
  •  तोते ने

Answer: D.

View full solution
इन्द्र दंग रह गया, क्योंकि $..........$
$(अ)$ सूखे पेड़ को देखकर |
$(ब)$ पेड़ के प्रति तोते की गहरी आत्मीयता देखकर |
$(क)$ तोते और जंगल को देखकर |
View full solution
तोते ने अपने जीवन का अंत $.......$
$(A)$ पांच साल बाद मान लिया था ।
$(B)$ सूखे तरु के अंत के साथ ही मान लिया ।
$(C)$ दस साल बाद मान लिया था ।
View full solution
दंग रह गये इन्द्रदेव तोते की यह सब बातें सुनकर।
फिर, तोते से बोले वे यों तुरंत अत्यधिक हर्षित होकर-
'मैं प्रसन्न हूँ तुझसे पंछी, सुफल हुआ है तेरा जीवन।
माँग तुरंत वर कोई मुझसे, पूर्ण करूँगा मैं इस ही क्षण ॥'
View full solution
बचपन के साथी को तजकर, भला कहीं मैं जा सकता हूँ?
यदि जाऊँ भी, तो क्या सुख, संतोष, शांति मैं पा सकता हूँ?
इससे अच्छा है, मैं इसके दुःख में थोड़ा हाथ बटाऊँ।
और अंत में सुख से इसके संग-संग मैं भी मर जाऊँ।'
View full solution
किंतु आह, कुछ दिन पहले आया वन में एक शिकारी।
उसके विष से बुझे बाण ने इस पर ढा दी आफत भारी ॥
विष के कारण सूख रहा है तब से यह तरुवर दिन-प्रतिदिन।
अब तो इसके साथ-साथ ही मेरा भी होगा अंतिम क्षण ॥
View full solution
इसकी मोदमयी छाया में मैंने था निज होश सम्हाला।
यह है मुझको गाना, मुसकाना, उड़ना सिखलानेवाला ॥
बचपन से ले करके अब तक इसने दी है मुझको छाया।
मैंने हरदम इसको ही सुख-दुख का सच्चा साथी पाया ॥
View full solution
चिड़िया, तोते, कोयल, मैना, सबको ही यह अति प्यारा था।
महाराज, यह ही कुरूप तरु, शोभा में सबसे न्यारा था ॥
मैं जन्मा हूँ इस पर, जब इसकी शोभा थी नई-निराली।
अतः मुझे प्राणों से भी प्यारी है इसकी डाली-डाली ॥
View full solution

Generate a तोता और इंद्र (पध) paper free

Pick question groups from the list above, set marks and difficulty, and export a branded PDF with step-by-step answer keys. First 3 chapters free — no signup.

Download App