Questions

दो-तीन वाक्यों में लिखिए।

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11 questions · self-marked practice — reveal the answer and mark yourself.

Question 12 Marks
पृथ्वी की संरचना का नामांकित चित्र बनाइए।
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Question 22 Marks
यदि आप घर में हैं तो भूकम्प के झटके लगने की स्थिति में अपने बचाव के लिए क्या उपाय करेंगे?
Answer
1. किसी मेज के नीचे आश्रय लें तथा झटकों के रुकने तक वहीं रहें। 2. ऐसी ऊँची तथा भारी वस्तुओं से दूर रहें जो आप पर गिर सकती हैं। 3. यदि आप बिस्तर पर हैं तो उठे नहीं, अपने सिर का तकिए से बचाव करें।
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Question 32 Marks
भूकम्प के झटके लगते समय यदि आप घर के अंदर हों, तो अपने बचाव के लिए आप क्या-क्या सावधानियाँ रखेंगे?
Answer
1. किसी मेज के नीचे आश्रय लें तथा झटकों के रुकने तक वहीं रहें। 2. ऐसी ऊँची तथा भारी वस्तुओं से दूर रहें जो आप पर गिर सकती हैं। 3. यदि आप बिस्तर पर हैं तो उठे नहीं, अपने सिर का तकिए से बचाव करें।
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Question 42 Marks
किसी भूकम्प की तीव्रता का मापदंड क्या होता है? समझाइए।
Answer
किसी भी भूकम्प की तीव्रता का माप रिक्टर पैमाने पर किया जाता है। जिन भूकम्पों का मान रिक्टर पैमाने पर 3 तक होता है, वे बहुत हल्के भूकम्प होते हैं तथा कोई क्षति नहीं पहुंचाते। कभी - कभी तो ऐसे भूकम्पों का पता ही नहीं चलता। परन्तु रिक्टर पैमाने पर 7 या इससे अधिक मान वाले भूकम्प बहुत भीषण होते हैं जो पूरे के पूरे गाँवों या नगरों को गिराकर तबाह कर सकते हैं।
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Question 52 Marks
भूकम्प क्या होता है? लिखिए।
Answer
भूकम्प जो बहुत कम समय तक रहता है, पृथ्वी का कम्पन अथवा कोई झटका होता है। यह पृथ्वी की भूपर्पटी के भीतर गहराई में गड़बड़ के कारण उत्पन्न होता है। भूकम्प हर समय सब जगह आते रहते हैं। प्रायः इनको नोटिस नहीं किया जाता है। विशाल भूकम्प बहुत कम होते हैं। ये पुलों, बाँधों तथा लोगों को असीम क्षति पहुँचा सकते हैं। इनसे जीवन तथा सम्पत्ति की विशाल हानि हो सकती है। भूकम्पों से बाढ़, भूस्खलन तथा सुनामी भी आ सकते हैं।
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Question 62 Marks
तड़ित चालक क्या है? यह भवनों को तड़ित के प्रभाव से कैसे बचाता है?
Answer
तड़ित चालक (Lightning Conductor): तड़ित चालक एक ऐसी युक्ति है जिसका उपयोग भवनों को तड़ित के प्रभाव से बचाने के लिए किया जाता है। किसी भवन के निर्माण के समय उसकी दीवारों में, उस भवन की ऊंचाई से अधिक लम्बाई की धातु की एक छड़ स्थापित कर दी जाती है। इस छड़ का एक सिरा वायु में खुला रखा जाता है तथा दूसरे सिरे को जमीन में काफी गहराई तक दबा देते हैं। धातु की छड़ विद्युत आवेश के दौरान तक पहुँचने के लिए एक सरल पथ प्रदान करती है जिससे भवन को कोई क्षति नहीं होती।
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Question 72 Marks
घर के अन्दर तड़ित से बचने हेतु किये जाने वाले उपायों में से किन्हीं तीन का उल्लेख कीजिए।
Answer
1. तड़ित झंझा के समय टेलीफोन के तारों, विद्युत तारों तथा धातु के पाइपों को छूना नहीं चाहिए। 2. बहते जल के सम्पर्क से बचने के लिए तड़ित झंझा के समय स्नान से बचना चाहिए। 3. कम्प्यूटर, टी.वी. आदि जैसे विद्युत उपकरणों के प्लगों को साकेट से निकाल देना चाहिए।
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Question 82 Marks
घर के भीतर तड़ित से बचने के उपाय बताइए।
Answer
1. तड़ित झंझा के समय टेलीफोन के तारों, विद्युत तारों तथा धातु के पाइपों को छूना नहीं चाहिए। 2. बहते जल के सम्पर्क से बचने के लिए तड़ित झंझा के समय स्नान से बचना चाहिए। 3. कम्प्यूटर, टी.वी. आदि जैसे विद्युत उपकरणों के प्लगों को साकेट से निकाल देना चाहिए।
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Question 92 Marks
तड़ित झंझा (Thunderstorm) किस प्रकार उत्पन्न होती है?
Answer
गरज वाले तूफानों के बनते समय वायु की धाराएँ ऊपर की ओर जाती हैं जबकि जल की बूंदें नीचे की ओर जाती हैं। इन प्रबल गतियों के कारण आवेशों का पृथकन होता है। एक प्रक्रिया द्वारा, बादलों के ऊपरी किनारे के निकट धनावेश एकत्र हो जाते हैं तथा ऋणावेश बादलों के निचले किनारे पर संचित हो जाते हैं। धरती के निकट भी धनावेश का संचय होता है। जब संचित आवेशों का परिमाण अत्यधिक हो जाता है तो वायु जो विद्युत की हीन चालक है, आवेशों के प्रवाह को नहीं रोक पाती। ऋणात्मक तथा धनात्मक आवेश मिलते हैं और प्रकाश की चमकीली धारियाँ तथा ध्वनि उत्पन्न होती है। इसे हम तड़ित के रूप में देखते हैं। इस प्रक्रिया को विद्युत विसर्जन कहते हैं। विद्युत विसर्जन की प्रक्रिया दो अथवा अधिक बादलों के बीच, अथवा बादलों तथा पृथ्वी के बीच हो सकती है।
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Question 102 Marks
विद्युत विसर्जन (Electrical discharge) की प्रक्रिया को समझाइए।
Answer
गरज वाले तूफानों के बनते समय वायु की धाराएँ ऊपर की ओर जाती हैं जबकि जल की बूंदें नीचे की ओर जाती हैं। इन प्रबल गतियों के कारण आवेशों का पृथकन होता है। एक प्रक्रिया द्वारा, बादलों के ऊपरी किनारे के निकट धनावेश एकत्र हो जाते हैं तथा ऋणावेश बादलों के निचले किनारे पर संचित हो जाते हैं। धरती के निकट भी धनावेश का संचय होता है। जब संचित आवेशों का परिमाण अत्यधिक हो जाता है तो वायु जो विद्युत की हीन चालक है, आवेशों के प्रवाह को नहीं रोक पाती। ऋणात्मक तथा धनात्मक आवेश मिलते हैं और प्रकाश की चमकीली धारियाँ तथा ध्वनि उत्पन्न होती है। इसे हम तड़ित के रूप में देखते हैं। इस प्रक्रिया को विद्युत विसर्जन कहते हैं। विद्युत विसर्जन की प्रक्रिया दो अथवा अधिक बादलों के बीच, अथवा बादलों तथा पृथ्वी के बीच हो सकती है।
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Question 112 Marks
जब कंघी को सूखे बालों में घुमाया जाता है तो यह कागज़ के छोटे टुकड़ों को जो कि कचालक होते हैं, क्यों आकर्षित करने लगती है? यदि बाल गीले हों तो क्या होगा?
Answer
घर्षण के कारण कंघी विद्युत आवेशित हो जाती है तथा कागज के छोटे टुकड़ों को आवेशित करती है क्योंकि कंघी से कागज के परमाणु ध्रुवित हो जाते हैं जिसके परिणामस्वरूप परिणामी आकर्षण बल होता है। जब बाल गीले होते हैं तो कंषी तथा बालों के मध्य घर्षण कम होता है तथा कंघी आवेशित नहीं होती। इस कारण यह कागज के छोटे टुकड़ों को आकर्षित नहीं करती है।
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