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अकबरी लोटा question types

34 questions across 5 question groups — pick any mix to generate a Hindi paper with step-by-step answer keys.

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Sample Questions

अकबरी लोटा questions

One sample from each question group in this chapter. Select any group above to see the full set with answer keys.

उस दिन रात्रि में बिलवासीजी को देर तक नींद नहीं आई। वे चादर लपेटे चारपाई पर पड़े रहे। एक बजे वे उठे। धीरे, बहुत धीरे से अपनी सोई हुई पत्नी के गले से उन्होंने सोने की वह सिकड़ी निकाली जिसमें एक ताली बँधी हुई थी। फिर उसके कमरे में जाकर उन्होंने उस ताली से संदूक खोला। उसमें ढाई सौ के नोट ज्यों-के-त्यों रखकर उन्होंने उसे बंद कर दिया। फिर दबे पाँव लौटकर ताली को उन्होंने पूर्ववत अपनी पत्नी के गले में डाल दिया। इसके बाद उन्होंने हँसकर अंगड़ाई ली। दूसरे दिन सुबह आठ बजे तक चैन की नींद सोए।।
(क) उपर्युक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए।
(ख) बिलवासीजी चादर लपेटे पलंग पर क्यों पड़े हुए थे?
(ग) बिलवासीजी ने पत्नी के गले से सिकड़ी क्यों निकाली?
(घ) बिलवासीजी ने क्यों हँसकर अंगलाई ली?
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"एक कबूतर ने नूरजहाँ से जहाँगीर का प्रेम कराया था। जहाँगीर के पूछने पर कि, मेरा एक कबूतर तुमने कैसे उड़ जाने दिया, नूरजहाँ ने उसके दूसरे कबूतर को उड़ाकर बताया था, कि ऐसे। उसके इस भोलेपन पर जहाँगीर दिलोजान से निछावर हो गया। उसी क्षण से उसने अपने को नूरजहाँ के हाथ कर दिया। कबूतर का यह अहसान वह नहीं भूला। उसके एक अंडे को बड़े जतन से रख छोड़ा। एक बिल्लौर की हाँडी में वह उसके सामने टँगा रहता था। बाद में वही अंडा 'जहाँगीरी अंडा' के नाम से प्रसिद्ध हुआ। उसी को मेजर डगलस ने पारसाल दिल्ली में एक मुसलमान सज्जन से तीन सौ रुपये में खरीदा।"
(क) उपर्युक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए।
(ख) कबूतर का अहसान कौन नहीं भूला और क्यों?
(ग) नूरजहाँ के द्वारा कबूतर उड़ाने की अदा करा क्या असर हुआ?
(घ) जहाँगीरी अण्डे को बिल्लौरी हाँडी में क्यों रखा था?
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सोलहवीं शताब्दी की बात है। बादशाह हुमायूँ शेरशाह से हारकर भागा था और सिंध के रेगिस्तान में मारा-मारा फिर रहा था। एक अवसर पर प्यास से उसकी जान निकल रही थी। उस समय एक ब्राह्मण ने इसी लोटे से पानी पिलाकर उसकी जान बचाई थी। हुमायूँ के बाद अकबर ने उस ब्राह्मण का पता लगाकर उससे इस लोटे को ले लिया और इसके बदले में उसे इसी प्रकार के दस सोने के लोटे प्रदाम किए। यह लोटा सम्राट अकबर को बहुत प्यारा था। इसी से इसका नाम अकबरी लोटा पड़ा। वह बराबर इसी से वजू करता था।
(क) उपर्युक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए।
(ख) एक ब्राह्मण ने लोटे से किसकी प्यास बुझाई थी?
(ग) अकबर ने किसका पता लगाया था और क्यों?
(घ) वह लोटा किसने, किससे और क्या देकर लिया था?
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कुछ हुआ भी ऐसा ही। गली में जोर का हल्ला उठा। लाला झाऊलाल जब तक दौड़कर नीचे उतरे तब तक एक भारी भीड़ उनके आँगन में घुस आयी। लाला झाऊलाल ने देखा कि इस भीड़ में प्रधान पात्र एक अंग्रेज है जो नखशिख से भीगा हुआ है और जो अपने एक पैर को हाथ से सहलाता हुआ दूसरे पैर पर नाच रहा है। उसी के पास अपराधी लोटे को भी देखकर लाला झाऊलाल जी ने फौरन दो और दो जोड़कर स्थिति को समझ लिया।
(क) उपर्युक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए।
(ख) गली में जोर का हल्ला क्यों उठा?
(ग) नख-शिख तक कौन भीग गया था और क्यों नाच. रहा था?
(घ) लाला झाऊलाल ने किस स्थिति को समझ लिया था?
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संयोग कुछ ऐसा बिगड़ा था कि बिलवासीजी भी उस समय बिल्कुल खुक्ख थे। उन्होंने कहा-'मेरे पास तो नहीं पर मैं कहीं से माँग-जाँचकर लाने की कोशिश करूँगा और अगर मिल गया तो कल शाम को तुमसे मकान पर मिलँगा। वही शाम आज थी। हफ्ते का अंतिम दिन। कल ढाई सौ रुपये या तो गिन देना है या सारी हेकड़ी से हाथ धोना है। यह सच है कि कल रुपया न आने पर उनकी स्त्री उन्हें डामलफाँसी न कर देगी-केवल जरा-सा हँस देगी। पर वह कैसी हँसी होगी, कल्पना मात्र से झाऊलाल में मरोड़ पैदा हो जाती थी।(क) उपर्युक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए।
(ख) बिलवासीजी ने कब तक रुपयों की व्यवस्था करने का आश्वासन दिया?
(ग) लाला झाऊलाल क्यों भयभीत हो रहा था?
(घ) लाला झाऊलाल बार-बार क्या सोच रहा था?
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अंग्रेज के सामने बिलवासीजी ने झाऊलाल को पहचानने तक से क्यों इन्कार कर दिया था? आपके विचार से बिलवासीजी ऐसा अजीब व्यवहार क्यों कर रहे थे? स्पष्ट कीजिए।
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"लाला झाऊलालजी ने फौरन दो और दो जोड़कर स्थिति को समझ लिया।" आपके विचार से लाला झाऊलाल ने कौन-कौनसी बातें समझ ली होंगी?
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"लाला ने लोटा ले लिया, बोले कुछ नहीं, अपनी पत्नी का अदब मानते थे।" लाला झाऊलाल को बेढंगा लोटा बिल्कुल पसन्द नहीं था फिर भी उन्होंने चुपचाप लोटा ले लिया। आपके विचार से वे चुप क्यों रहे? अपने विचार लिखिए।
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"अपने वेग में उल्का को लजाता हुआ वह आँखों से ओझल हो गया।" उल्का क्या होती है? उल्का और ग्रहों में कौन-कौनसी समानताएँ और अन्तर होते हैं?
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आपके विचार से अंग्रेज ने यह पुराना लोटा क्यों खरीद लिया? आपस में चर्चा करके वास्तविक कारण की खोज कीजिए और लिखिए।
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'चारों खाने चित्त होना' मुहावरे का अर्थ क्या
  • A
    पीठ के बल लेट जाना
  • B
    दूसरे की बात को स्वीकार कर लेना
  • पराजित हो जाना
  • D
    अपनी गलती मान लेना।

Answer: C.

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