Question
निम्न में से किस अणु का सर्वाधिक द्विध्रुव आघूर्ण है?

Answer

(c) $\mathrm{CO}_{2}$ तथा $\mathrm{CH}_{4}$ का द्विध्रुव आघूर्ण सममित प्रकृति के कारण शून्य होगा। $\mathrm{F}, \mathrm{N}$ से अधिक विद्युत ऋणात्मक होने के कारण बंध की दिशा $\mathrm{N}$ से $\mathrm{F}$ की तरफ होगी जबकि $\mathrm{NH}_{3}$ में यह $\mathrm{H}$ से $\mathrm{N}$ की तरफ होगी। $\mathrm{N}-\mathrm{H}$ का परिणामी आघूर्ण, एंकाकी युग्म के आघूर्ण में जुड़ जाएगा, जबकि $3 \mathrm{~N}-\mathrm{F}$ बंधों का परिणामी आघूर्ण, एंकाकी युग्म के आघूर्ण के विपरीत होगा। अत: $\mathrm{NH}_{3}$ का द्विधुत्र आघूर्ण $\mathrm{NF}_{3}$ से अधिक होगा।

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