Question
पीड़कनाशियों का मृदा पर प्रभाव समझाइए।

Answer

(1) अधिक समय तक विषैले पीड़कनाशी के प्रभाव जीवधारियों के लिए हानिकारक होते हैं।
(2) विशेष प्रकार के हानिकरक जीवों को मारने के लिए विशिष्ट प्रकार के पीड़कनाशी का प्रयोग किया जाता है क्योंकि सभी प्रकार के हानिकारक जीव एक ही प्रकार के पीड़कनाशी से नहीं मरते हैं।
(3) निमेटोडस के लिए घूम्नक अधिक प्रभावी होते हैं जबकि माइट्स के लिए आर्गेनो फॉस्फेट एवं क्लोरीनेटिड हाइड्रोकार्बन अधिक प्रभावी होते हैं।
(4) केंचुओं पर सिवाय कार्बामेट्स तथा निमेटोसाइड्स के अधिकतर कीटनाशक अप्रभावी होते हैं।
(5) नाइट्रीकरण तथा नाइट्रोजन स्थिरीकरण में भाग लेने वाले जीवाणुओं पर पीड़कनाशी का हानिकारक प्रभाव पड़ता है।
(6) इन प्रक्रियाओं पर खरपतवार नाशकों की तुलना में कीटनाशक तथा फंजाई नाशक अधिक हानिकारक पाए गए हैं।
(7) पीड़कनाशियों का प्रभाव मुदा जीवों पर कुछ समय तक ही प्रभावी होता है इसीलिए पीड़कनाशियों की सीमित एवं संतुलित मात्रा के प्रयोग से मृदा जीवों पर हानिकारक प्रभाव को रोका जा सकता है।

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