इनकी गाथा छोड़ चले हम झाँसी के मैदानों में,
जहाँ खड़ी है लक्ष्मीबाई मर्द बनी मर्दानों में,
लेफ्टिनेंट वॉकर आ पहुँचा, आगे बढ़ा जवानों में,
रानी ने तलवार खींच ली, हुआ द्वंद्व असमानों में,
ज़ख्मी होकर वॉकर भागा,
उसे अजब हैरानी थी।
बुंदेले हरबोलों के मुंह
हमने सुनी कहानी थी।
खूब लड़ी मर्दानी वह तो
झाँसीवाली रानी थी॥
QUESTION:
Q.1. झाँसी के मैदानों में मर्द बनकर कौन खड़ी है?
(A) रानी की सखियाँ (B) रानी लक्ष्मीबाई (C) राजपूत नारियाँ (D) राजघराने की सभी नारियाँ
Q.2. युद्ध क्षेत्र में रानी के पहुँचने के बाद कौन अंग्रेज़ सेनापति आ पहुँचा?
(A) डलहौजी (B) कार्नवालिस (C) लेफ्टिनेंट वॉकर (D) लार्ड वेलेजली
Q.3. इस पद्यांश में झाँसी के मैदानों में चलने की बात क्यों की गई है?
Q.4. किस अंग्रेज सेनापति ने अपने जवानों के साथ झाँसी के मैदान में रानी से युद्ध किया?