एवरेस्ट की तरफ गौर से देखते हुए, मैंने एक भारी बर्फ का बड़ा फूल (प्लूम) देखा, जो पर्वत-शिखर पर लहराता एक ध्वज-सा लग रहा था। मुझे बताया गया कि यह दृश्य शिखर की ऊपरी सतह के आसपास 150 किमी अथवा इससे भी अधिक की गति से हवा चलने के कारण बनता था, क्योंकि तेज हवा से सूखा बर्फ पर्वत पर उड़ता रहता था। बर्फ का यह ध्वज 10 किमी या इससे भी लंबा हो सकता था। शिखर पर जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति को दक्षिण-पूर्वी पहाड़ी पर इन तूफानों को झेलना पड़ता था, विशेषकर खराब मौसम में। यह मुझे डराने के लिए काफी था, फिर भी मैं एवरेस्ट के प्रति विचित्र रूप से आकर्षित थी और इसकी कठिनतम चुनौतियों का सामना करना चाहती थी।
(i) पर्वत शिखर पर फूल (प्लूम) कैसे बनता था?
क)वर्षा के द्वारा
ख) अत्यधिक गति से बर्फीली हवाओं के चलने से
ग) प्रकृति के द्वारा
घ)पर्वतारोहियों के द्वारा
(ii) अधिक गति से हवा चलने पर पर्वत पर क्या प्रतिक्रिया होती है?
क) सूखा बर्फ पर्वत पर उड़ता रहता है
ख) तूफान आने की संभावना बनी रहती है
ग) पर्वत टूटकर गिरने लगता है
घ) पर्वत छोटे-छोटे खंडों में बँट जाता है
(iii) शिखर पर जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति को कहाँ से आने वाले तूफानों को झेलना पड़ता है?
क) पूर्वी-दक्षिणी पहाड़ी से
ख) दक्षिणी-पश्चिमी पहाड़ी से
ग) उत्तर-पूर्वी पहाड़ी से
घ) दक्षिण-पूर्वी पहाड़ी से
(iv) लेखिका कठिनतम चुनौतियों का सामना क्यों करना चाहती थी?
क) एवरेस्ट के प्रति विचित्र रूप से आकर्षित होने के कारण
ख) स्वयं की योग्यता जाँचने के कारण
ग) स्वयं को श्रेष्ठ सिद्ध करने के कारण
घ) अपने पिता के सपने को पूरा करने के कारण
(v) गद्यांश के अनुसार, एवरेस्ट की खराब मासम म कसा स्थिति होती है?
क) काफी विषम परिस्थितियाँ होती हैं
ख)इनमें से कोई नहीं
ग)वहाँ हल्की-हल्की हवाएँ चलती हैं
घ) वहाँ का मौसम समान रहता है
