Question 14 Marks
"स्वर्णकाकः" इति पाठसारं हिन्दीभाषायां लिखत ।
Answer
View full question & answer→"स्वर्णकाकः" पाठ एक नैतिक कथा पर आधारित है जो हमें लोभ के दुष्परिणाम की शिक्षा देता है। इस कहानी में एक कौआ (काकः) मुख्य पात्र है, जो सामान्य नहीं, बल्कि स्वर्ण-कौआ (सोने के जैसा चमकीला) होता है। उसकी सुंदरता और विशेषता के कारण एक शिकारी की दृष्टि उस पर पड़ती है।
शिकारी सोचता है कि इस स्वर्णकाक को पकड़कर वह बहुत धन कमा सकता है। वह उसे पकड़ने का प्रयास करता है। किंतु स्वर्णकाक बहुत चतुर और सतर्क होता है। वह समय रहते अपनी जान बचाकर उड़ जाता है।
शिकारी सोचता है कि इस स्वर्णकाक को पकड़कर वह बहुत धन कमा सकता है। वह उसे पकड़ने का प्रयास करता है। किंतु स्वर्णकाक बहुत चतुर और सतर्क होता है। वह समय रहते अपनी जान बचाकर उड़ जाता है।