मानव ने चंद्रमा को अधिक अच्छी तरह से समझने और खोजबीन करने के लिए इस पर अंतरिक्ष यान भेजे हैं। भारत ने भी चंद्रमा के अध्ययन के लिए 3 चंद्रयान अभियान पूरे कर लिए हैं और चौथे की तैयारी चल रही है। चंद्रमा पर भारत का पहला चंद्रयान-1 सन् 2008 में छोड़ा गया था और दूसरा चन्द्रयान-2 सन् 2019 में भेजा गया था। तीसरे अभियान के अंतर्गत चंद्रयान-3 को जुलाई, 2023 में भेजा गया था। इसका लैंडर 'विक्रम' रोवर 'प्रज्ञान' के साथ 23 अगस्त, 2023 को चंद्रमा की सतह पर सफलतापूर्वक उतरा। इस अभियान के साथ ही भारत चंद्रमा के दक्षिण ध्रुव के निकट उपकरण उतारने वाला विश्व का प्रथम देश बन गया।
चौथे अभियान, चंद्रयान-4 की योजना पर कार्य चल रहा है, जिसका लक्ष्य चंद्रमा से मिट्टी और पत्थर के टुकड़ों को लेकर पृथ्वी पर पुनः आना है।