जैविक (कार्बनिक खादों) को निम्न प्रकार से वर्गीकृत किया जाता है-
(a) स्थूल जैविक खादें- इन खादों में पोषक तत्वों की मात्रा कम होने के कारण इनका प्रयोग अधिक मात्रा में करना पड़ता है। जैसे-गोबर की खाद, कम्पोस्ट, मल-मूत्र की खाद, सीरे की खाद, प्रेसमड आदि।
(b) सान्द्रित जैविक खादें- इनमें स्थूल (भारी) कार्बनिक खादों की अपेक्षा पोषक तत्वों की प्रतिशत मात्रा अधिक होती है। अतः अपेक्षाकृत इनकी कम मात्रा प्रयुक्त की जाती है। जैसे-खलियाँ।
(c) प्राणिजात खार्दै- जैसे सुखाया हुआ खून, ऊन, हड्डी की खाद, मछली की खाद|